GST कैलकुलेटर

किसी क़ीमत पर GST जोड़ें या टैक्स सहित रकम में से उसे निकालें। केंद्रीय, राज्य और अंतरराज्यीय GST का बँटवारा दिखाता है, और सप्लाई की तारीख़ से सही दर सूची चुनता है।

22 सितंबर 2025 को क्या बदला था?

56वीं GST परिषद ने पुरानी चार-स्तरीय दर संरचना की जगह दो मुख्य दरें कर दीं - 18% की सामान्य दर और 5% की मेरिट दर। इसके ऊपर चुनिंदा वस्तुओं और सेवाओं के लिए 40% की डी-मेरिट दर रखी गई। ज़्यादातर 12% वाली चीज़ें 5% में गईं और ज़्यादातर 28% वाली 18% में।

अगर मेरा बिल और भुगतान इस बदलाव के आर-पार हों तो कौन सी दर लगेगी?

उसका उत्तर केंद्रीय GST अधिनियम की धारा 14 देती है। वह सप्लाई, इनवॉइस और भुगतान की तारीख़ों को साथ देखकर तय करती है कि कौन सी दर लागू होगी। ऐसे मामले में ऊपर सप्लाई की तारीख़ भरें और धारा 14 मिलाकर देखें।

टैक्स सहित रकम में से GST कैसे निकालते हैं?

दर से नहीं, 1 + दर से भाग देकर। 18% पर टैक्स सहित क़ीमत को 1.18 से भाग दें। टैक्स सहित रकम का 18% घटा देना सबसे आम ग़लती है और इससे करयोग्य मूल्य कम निकलता है।

केंद्रीय और राज्य GST की जगह अंतरराज्यीय GST कब लगता है?

जब सप्लाई की जगह सप्लायर के राज्य से अलग हो। तब एक ही लेवी अंतरराज्यीय GST पूरी दर पर लगती है। एक ही राज्य के भीतर वही कुल टैक्स आधा-आधा होकर केंद्रीय GST और राज्य GST बनता है।

मेरे उत्पाद पर कौन सी दर लागू होगी?

यह नाम से नहीं, उसके वस्तु कोड या सेवा कोड से तय होती है। नीचे दी गई आधिकारिक दर सूची में वही कोड देखिए। नाम देखकर दर का अनुमान लगाना नोटिस बुलाने का आसान तरीक़ा है।

0.25% और 3% वाली दरें किस लिए हैं?

ये विशेष सूचियाँ हैं। 0.25% कच्चे हीरे और उनसे मिलते-जुलते पत्थरों पर है। 3% सोना, चांदी और आभूषण पर। दोनों केवल उन्हीं वस्तुओं पर लगती हैं जिन्हें सूची में नाम से रखा गया है।

क्या इसमें क्षतिपूर्ति उपकर भी शामिल है?

नहीं। तंबाकू, एरेटेड पेय और बड़ी कारों जैसी कुछ चीज़ों पर GST के ऊपर क्षतिपूर्ति उपकर भी लगता है। जहाँ लागू हो, उसे अलग से जोड़िए।

क्या शून्य दर और छूट एक ही बात है?

नहीं। शून्य दर, छूट, शून्य-रेटेड और GST के बाहर होना चार अलग क़ानूनी स्थितियाँ हैं, चाहे टैक्स चारों में शून्य निकले। इनपुट टैक्स क्रेडिट पर इनका असर अलग होता है।